प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज के भारत को निर्भीक, निडर और निर्णायक बताते हुए कहा कि आज का भारत, नया भारत है. उन्होंने कहा कि आज देश के अंदर और बाहर देश विरोधी लोगों में डर पैदा हो गया है और ये डर अच्छा है.
एक टीवी के मंच से अपने संबोधन में PM ने कहा कि एक-एक वीर जवान का खून हमारे लिए अनमोल है. पहले अगर किसी जवान की शहादत होती थी, उसका खून बहता था तो उसके जवाब में कोई बड़ी कार्रवाई नहीं होती थी. लेकिन अब कोई भारत को आंख दिखाने का साहस नहीं कर सकता है. मौजूदा सरकार देशहित में हर फैसला लेने के लिए प्रतिबद्ध है. हमारी सरकार के नेतृत्व में देश, नई नीति और नई रीति पर चल रहा है और पूरी दुनिया इसे समझ रही है.
PM ने अपने कार्यकाल में लिए गए निर्णयों और उनसे देश में आए बदलावों की चर्चा करते हुए कहा कि आज का भारत निडर, निर्भीक और निर्णायक है. सवा करोड़ देशवासियों के विश्वास के साथ देश आगे बढ़ रहा है और इस एकता ने देश के भीतर और बाहर देश विरोधी लोगों में एक डर पैदा किया है. जब भ्रष्टाचारियों में भी कानून का डर हो तो ये डर अच्छा है. जब दुश्मन में भारत के पराक्रम का डर हो, तो ये डर अच्छा है. जब आतंक के आकाओं में सैनिकों के शौर्य का डर हो तो ये डर अच्छा है. जब भगोड़ों में भी कानून का और संपत्ति जब्त होने का डर हो तो ये डर भी अच्छा है.
PM ने अगस्ता वेस्टलैंड डील के बिचौलिए क्रिश्चियन मिशेल को भारत लाकर उससे पूछताछ के बहाने गांधी परिवार पर भी जोरदार हमला बोला. उन्होंने बिना किसी का नाम लिए कहा कि जब ‘मामा के बोलने से बड़े-बड़े परिवार बौखला जाएं तो ये डर भी अच्छा है’. जब भ्रष्ट नेताओं को भी जेल जाने का डर सताए तो ये डर अच्छा है.

PM ने कहा कि आतंक के खिलाफ पूरी दुनिया साथ दे रही है, लेकिन कुछ पार्टियां हम पर ही संदेह कर रही हैं. ये वही लोग हैं, जिनके बयानों को पाकिस्तान के टीवी चैनलों और रेडियो पर भारत के खिलाफ इस्तेमाल किया जा रहा है. ये लोग मोदी विरोध करते-करते देश विरोध पर उतर आए हैं. मोदी विरोध करना हो तो जरूर करिए, हमारी योजनाओं में कमियां निकालिए, आपका हमेशा स्वागत है, लेकिन देश के सुरक्षा हितों का, देश के हित का विरोध मत करिए. ये ध्यान रखिए कि मोदी विरोध की इसी जिद में मसूद अजहर और हाफिज सईद जैसों को आतंक के सरपरस्तों को सहारा न मिल जाए. मैं इस मंच से ऐसे लोगों से पूछना चाहता हूँ कि आपको हमारी सेना के सामर्थ्य पर विश्वास है या फिर संदेह है?
PM ने कहा कि ‘मोदी आएंगे-जाएंगे, लेकिन देश अजर-अमर रहेगा’. पाकिस्तान की तरफ से हमले की कोशिश के संदर्भ में कहा कि आज राफेल लड़ाकू विमान की कमी महसूस हो रही है. यदि आज राफेल होता तो नतीजा इससे भी कुछ अलग होता. उन्होंने कहा कि पहले राफेल पर स्वार्थ नीति और अब राजनीति के चलते देश का बहुत नुकसान हो रहा है.
PM ने कहा कि 2014 के चुनाव के बाद जब मैं दिल्ली आया तो मुझे बहुत सी बातों का अनुभव नहीं था। केंद्र सरकार कैसे चलती है, क्या सिस्टम है और क्या व्यवस्था है, यह पता नहीं था. लेकिन, यह मेरे लिए वरदान साबित हुआ. यदि मैं पुराना हिस्सा होता तो चुनाव के बाद एक खांचे की तरह जाकर फिट हो जाता. 2014 से पहले न्यूज स्टूडियो में चर्चा होती थी कि मोदी को क्या मालूम है कि दुनिया में क्या चल रहा है? ये सवाल स्वाभाविक थे, मैं यह नहीं मानता कि ये गलत थे. एक राज्य से आए व्यक्ति के लिए स्वाभाविक थे, मेरा पारिवारिक बैकग्राउंड भी ऐसा नहीं था कि माना जाए कि ऐसे परिवार से आए हैं कि कर लेंगे. लेकिन बीते दिनों के घटनाक्रम में आपको दिखाई दे गया होगा कि भारत की विदेश नीति का प्रभाव आज क्या है?


loading…

Loading…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *