पटियाला हाउस कोर्ट को अगस्ता वेस्टलैंड मामले में प्रवर्तन निदेशालय ने बताया कि बिचौलिये क्रिश्चियन मिशेल ने पूछताछ में श्रीमती गांधी का नाम लिया है. ईडी ने कोर्ट से कहा कि उसने पूछताछ के दौरान इटली की महिला के बेटे का नाम लेने के साथ ही बताया कि कैसे वह देश का प्रधानमंत्री बनने के लिए तैयार बैठा है.
ईडी ने कोर्ट के सामने यह भी दावा किया है कि मिशेल ने अगस्ता वेस्टलैंड से बातचीत में “इटली महिला का बेटा …. भारत का अगला PM बनेगा” जैसे वाक्यांश हैं. साथ ही मिशेल ने यह भी बताया है कि कैसे इस सौदे से एचएएल को बाहर कर दूसरी कम्पनी को चुनने की तैयारी थी. हाँलाकि उसने किस संदर्भ में ये नाम लिया है इस बारे में अभी कुछ स्पष्ट नहीं है, सुनवाई के बाद अदालत ने मिशेल को सात दिन की कस्टडी में भेज दिया.
ईडी ने अदालत से कहा कि मिशेल और अन्य लोगों के बीच बातचीत में जिस “आर” नाम के शख्स का जिक्र हुआ है, हमें उसके बारे में पता लगाना है. हमें मिशेल और अन्य लोगों से “आर“ नाम के शख्त के बारे में पूछताछ करनी है.
ईडी ने कोर्ट से अनुरोध किया कि चूंकि मामला आधिकारिक गोपनीयता अधिनियम का है, इसलिए मिशेल के वकील को उससे मिलने पर प्रतिबंध लगाया जाए.क्योंकि उसे बाहर से निर्देश दिए जा रहे हैं. इस पर अदालत ने मिशेल के वकील को निर्देश दिया कि वह उससे मिलते वक्त थोड़ी दूरी बनाकर रखें. अदालत ने प्रतिदिन सिर्फ 15 मिनट सुबह और शाम को मिलने का वक्त दिया है.


ज्ञात है कि इससे पहले क्रिश्चियन मिशेल की 28 अगस्त, 2009 को लिखी एक चिट्ठी सामने आई थी जो फिनमेकैनिका कंपनी के CEO जुगेपी ओरसी को लिखी गई थी. उसमें कहा गया है कि उन्होंने सत्ताधारी पार्टी के शीर्ष नेतृत्व द्वारा तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह पर दबाव बनवाया था. चिट्ठी के अनुसार, मिशेल को इस डील से जुड़ी सभी जानकारियां प्रधानमंत्री कार्यालय, रक्षा मंत्रालय समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से मिल रही थी. चिट्ठी में दावा किया गया है कि इस मुद्दे पर सुरक्षा मामलों की कैबिनेट कमेटी की होने वाली बैठक के बारे में भी उसे जानकारी है. इतना ही नहीं उसे प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और तत्कालीन अमेरिकी विदेश मंत्री हिलेरी क्लिंटन की मुलाकात के बारे में भी पता था.
मिशेल के वकील अल्जो के जोसेफ ने अदालत से कहा कि इस बात पर कोई विवाद नहीं है कि मिशेल ने हमें कागजात सौंपे हैं, लेकिन यह ईडी की गलती है कि उन्होंने ऐसा होने दिया.
कांग्रेस नेता आरपीएन सिंह ने इस मामले में कहा कि मिशेल पर एक परिवार का नाम लेने के लिए दवाब बनाया जा रहा है, चौकीदार सरकारी एजेंसियों पर एक परिवार का नाम लेने का दवाब बनाने की कोशिश क्यों कर रहा है?
भाजपा ने भी कांग्रेस पर हमला बोला. केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावडे़कर ने कहा की जांच में मिशेल ने ‘मिसेज गांधी’ का नाम लिया, सन ऑफ इटैलियन लेडी, बिग मैन, आर और पार्टी लीडर का उल्लेख किया है. सभी एक ही परिवार के तरफ इशारा करता है. हमारा सबसे बड़ा मुद्दा यह है कि कांग्रेस की सरकार ने देश के सुरक्षा के साथ समझौता करके सिर्फ घोटाला किया. जल, थल, आकाश सभी जगह घोटाले किए गए और इसी दौरान ‘ऐक्सिडेंटल प्राइम मिनिस्टर’ शासन करते रहे.
जावडे़कर ने कहा कि जैसे ही मिशेल को भारत लाया गया, कांग्रेस ने तुरंत उसे वकील दे दिया. इससे उसका राज उजागर हो गया है. राहुल गांधी बार-बार HAL का ज़िक्र करते हैं, आज खुलासा हो गया कि कैसे HAL दरकिनार किया गया. इसलिए हमें समझ में आ रहा है चोर इतना शोर क्यों मचा रहा है? यही कहानी है, चोर मचाए शोर. भ्रष्टाचार के केस में मां-बेटे बेल पर हैं.



loading…

Loading…






Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *