भारतीय नौसेना के पूर्व अधिकारी कुलभूषण जाधव के मामले में वियना संधि की धज्जियां उड़ाने वाले पाकिस्तान को उसकी याद तब आई जब उसके दूतावास के दो स्टाफ को अफगानिस्तान की खुफिया एजेंसी नेशनल डायरेक्ट्रेट ऑफ सिक्यूरिटी (NDS) ने हिरासत में ले लिया.
पाकिस्तान ने एक ओर अफगानिस्तान पर 1961 की वियना संधि के उल्लंघन का आरोप लगाया है तो दूसरी ओर उसी संधि के आलोक में वो जाधव से भारतीय राजनयिक को मुलाकात करने की इजाजत नहीं दे रहा है.
पाकिस्तान के अनुसार NDS ने पाकिस्तानी दूतावास के दो स्टाफ को कई घंटे तक हिरासत में रखा और टॉर्चर किया. इस घटना से बौखलाए पाकिस्तान ने अफगानिस्तान पर वियना संधि के उल्लंघन का आरोप लगाया है. पाकिस्तानी विदेश विभाग ने कहा कि ऐसी घटनाओं से रचनात्मक संबंध प्रभावित होते हैं. जबकि हाल ही में पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के 50 सैनिकों को मारने का दावा किया था. पाकिस्तान के अनुसार अफगान खुफिया एजेंसी NDS ने उसके दो स्टाफ को उस समय हिरासत में लिया, जब वे खरीददारी करने के लिए दूतावास से बाहर गए थे. NDS के अधिकारी पाकिस्तानी स्टाफ और उनकी गाड़ी को बंदीगृह ले गए. मामले में पाकिस्तानी विदेश विभाग ने कहा कि हम अफगानिस्तान सरकार से अपील करते हैं कि वह राजनयिकों, दूतावास परिसर और दूतावास के कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जरूरी कदम उठाए. पाक ने कहा कि अफगानिस्तान सरकार यह भी सुनिश्चित करे कि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों.
यह बात जगजाहिर हो चुकी है कि पाकिस्तान आतंकवाद का पनाहगाह है. भारत के बाद उसके एक अन्य पड़ोसी अफगानिस्तान ने भी अब पाकिस्तान पर आतंकवाद को संरक्षण देने और दूसरे देशों में इंपोर्ट करने का आरोप लगाया है. पाकिस्तान अफगानिस्तान में हमला करने वाले हक्कानी नेटवर्क और तालिबान समेत कई आतंकी संगठनों को सहायता मुहैया कराता है. जिसके कारण भारत के साथ ही अफगानिस्तान से भी पाकिस्तान के रिश्ते बिगड़ चुके हैं.

ताज़ा अपडेट पाने के लिए हमारे पेज को लाइक करें

loading…



Loading…




Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *