परमाणु रिएक्टर को मिसाइल हमले से बचाएगा 570 टन वजनी डोम,इसे उठाने के लिए जर्मनी से आएगी क्रेन

 80 

रावतभाटा में बने परमाणु रिएक्टर को मिसाइल हमले से बचाने के लिए विशाल डोम से ढंकने की तैयारी की जा रही है। बता दें कि ये डोम आपात स्थिति में काम आएगा। इसका वजन 570 टन है।
बता दें कि डोम को बनाने के लिए 370 टन स्टील का इस्तेमाल किया जाएगा। अभी स्ट्रक्चर तैयार करने का काम चल रहा है। राजस्थान परमाणु विद्युत परियोजना की 7वीं और 8वीं इकाई के परिसर में यह स्ट्रक्चर तैयार किया जा रहा है।
इतना ही नहीं इसमें करीब 200 टन सरियों का इस्तेमाल होगा। साथ ही करीब 2020 क्यूबिक मीटर क्रॉन्क्रीट बिछाई जाएगी। 6 महीने में डोम का काम पूरा हो जाएगा। राजस्थान परमाणु विद्युत परियोजना के परियोजना निदेशक विवेक जैन ने बताया कि यह पहला डोम होगा, इसके ऊपर ऐसा ही दूसरा डोम भी बनेगा। डोम को उठाने के लिए जर्मनी से क्रेन मंगाई जाएगी।

परमाणु रिएक्टर यानी परमाणु ऊर्जा वह ऊर्जा है जिसे नियंत्रित (यानी, गैर-विस्फोटक) परमाणु अभिक्रिया से उत्पन्न किया जाता है। वाणिज्यिक संयंत्र वर्तमान में बिजली उत्पन्न करने के लिए परमाणु विखंडन अभिक्रिया का उपयोग करते हैं। नाभिकीय रिएक्टर से प्राप्त उष्मा पानी को गर्म करके भाप बनाने के काम आती है, जिसे फिर बिजली उत्पन्न करने के लिए इस्तेमाल किया जाता है।2009 में, दुनिया की बिजली का 15% परमाणु ऊर्जा से प्राप्त हुआ। इसके अलावा, परमाणु प्रणोदन का उपयोग करने वाले 150 से अधिक नौसेना पोतों का निर्माण किया गया है।

हर ताज़ा अपडेट पाने के लिए Pileekhabar के Facebook पेज को लाइक करें

loading…


Loading…



Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *