अघोषित आय का पता लगाने के लिए तकनीक का इस्तेमाल हो : PM

 105 


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को दूसरे राजस्व ज्ञान संगम का उद्घाटन करते हुए टैक्स अफसरों को बेनामी संपत्ति और अघोषित आय का पता लगाने के लिए तकनीक का इस्तेमाल करने की सलाह दी।
सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस (CBDT) और सेंट्रल बोर्ड ऑफ एक्साइज एंड कस्टम्स (CBEC) के अफसर इस दो दिवसीय कॉन्फ्रेंस में हिस्सा ले रहे हैं। मोदी ने ट्वीट किया कि मैंने अफसरों से कहा है कि वो ईमानदार टैक्सपेयर्स से दोस्तान व्यवहार रखें तथा अघोेषित आय और संपत्ति का पता लगाने के लिए डाटा एनालिटिकल टूल्स का इस्तेमाल करें, फायदेमंद रहेगा।
मोदी ने कहा कि टैक्स अफसर ईमानदारी से अपना टैक्स भरने वालों से दोस्ताना व्यवहार रखें, उनके भीतर के डर को दूर करने की कोशिश करें। इससे देश में टैक्स भरने वाली सोसाइटी का निर्माण हो सकेगा। केंद्र सरकार ऐसा महौल बनाने की कोशिश कर रही है, जिसमें ईमानदार टैक्सपेयर्स का विश्वास बढ़ सके और करप्शन को खत्म किया जा सके।


मोदी ने अफसरों से सेंस ऑफ अर्जेंसी और परफॉर्मेंस में सुधार की दिशा में कदम उठाने की अपील करते हुए कहा कि आजादी के बाद देश के सबसे बड़े टैक्स सुधार GST का फायदा आम आदमी तक कम होती कीमतों के रूप में पहुंचना चाहिए। देश का टैक्स एडमिनिस्ट्रेशन मजबूत करने के लिए अफसरों को 2022 के लिए साफ लक्ष्य तय करने चाहिए। आजादी की 75वीं सालगिरह के मौके के लिए उन्हें ये कदम उठाना चाहिए।
मोदी ने टैक्स से जुड़े मामलों के निपटारे और उनकी अपील होने में देरी को लेकर नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि जो भी पैसा टैक्स से जुड़े मामलों में आया है उसका इस्तेमाल गरीबों की मदद के लिए किया जा सकता है।
इस मौके पर वित्त मंत्री अरुण जेटली ने सेंट्रल और स्टेट के टैक्स अफसरों की तारीफ करते हुए कहा कि इन अफसरों की कोशिशों के चलते GST आज सच्चाई में तब्दील हो पाया है। साथ ही PM को उनकी पॉलिसीज और प्रोत्साहन के लिए धन्यवाद दिया।

हर ताज़ा अपडेट पाने के लिए Pileekhabar के Facebook पेज को लाइक करें

loading…


Loading…



Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *