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पंजाब में हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में हरियाणा के सिरसा स्थित डेरा सच्चा सौदा से समर्थन मांगने को लेकर अकाल तख्त के निर्देश पर एस.जी.पी.सी. द्वारा बनाई गई समिति ने कांग्रेस, शिरोमणि अकाली दल तथा आम आदमी पार्टी के 44 नेताओं को दोषी करार दिया था। आज इनमें से 40 नेता एक साथ श्री अकाल तख्त पर पेश हुए।
पांच प्यारों ने डेरा सच्चा सौदा से समर्थन मांगने के मामले में गहन विचार करने के बाद 21 आरोपियों को तनखइया और 18 को पतित करार दियाl साथ ही दाखा क्षेत्र से संबंधित मनप्रीत सिंह अयाली को सिंह साहिबानों ने निर्दोष करार देते हुए कहा कि वह श्री अकाल तख्त पर अपनी मर्जी अनुसार देग चढ़ाए। इसके पूर्व अयाली ने स्पष्ट किया कि वह डेरे में नहीं गया और न ही उसने कोई मीटिंग की, इसलिए वह निर्दोष है।
अकाल तख्त के प्रमुख ज्ञानी गुरबचन सिंह ने कहा कि चुनाव प्रचार के दौरान राजनीतिक दलों के सदस्य ‘समर्थन और आशीर्वाद’ मांगने गुरमीत राम रहीम के नेतृत्व वाले संगठन के मुख्यालय पर गए, जो ‘सिख मूल्यों और रीति रिवाज के खिलाफ’ हैl उन्होंने कहा कि जो 4 लोग राजिन्दर कौर, जनमेजा सिंह सेखों, अजायब भट्टी और अर्जन सिंह बादल पेश नहीं हुए हैं, वे पांच सिंह साहिबानों की अगली बैठक में पेश हो कर अपना-अपना स्पष्टीकरण दें।
जिन  21 नेताओं को तनखाइया करार दिया गया है उनमें अजीत सिंह महलकलां, दरबारा सिंह बस्सी पठाना, परमिन्द्र सिंह ढींडसा लहरागागा, वरिन्द्र कौर शुतराना, इन्द्र इकबाल सिंह अटवाल रायकोट, मनतार सिंह बराड़ कोटकपूरा, प्रकाश सिंह भट्टी बल्लुआना, सिकंदर सिंह मलूका रामपुराफूल, गुरप्रीत सिंह राजू अमलोह, जीतमहेन्द्र सिंह सिद्धू तलवंडी साबो, परमबंस सिंह फरीदकोट, कंवलजीत सिंह बरकंदी मुक्तसर, हरप्रीत सिंह कोटभाई भुच्चो मंडी, सुरजीत सिंह रखड़ा समाना, इकबाल सिंह अमरगढ़, ईशर सिंह पायल, गोबिन्द सिंह लौंगोवाल, रणजीत सिंह तलवंडी खन्ना, हरी सिंह नाभा धूरी, दीदार सिंह भट्टी फतेहगढ़ साहिब और अजीतइन्द्र सिंह मोफर हैं।
जिन 18 नेताओं को पतित करार दिया गया है उनमें नरेन्द्र सिंह फिरोजपुर, साधु सिंह धर्मसोत नाभा, अमरिन्द्र सिंह राजा वङ्क्षडग़ गिद्दड़बाहा, कुशलदीप सिंह फरीदकोट, केवल सिंह बरनाला, कर्ण कौर बराड़ मुक्तसर, दर्शन सिंह बाघापुराना, रणदीप सिंह अमलोह, राजेन्द्र सिंह समाना, खुशबाज सिंह जटाना, दमन कौर सुनाम, सुरिन्द्र पाल सिंह बरनाला, गुलजार सिंह गिद्दड़बाहा, हरदीप सिंह बुढलाडा, दर्शन सिंह कोट फत्ता, दिलराज सिंह भूंदड़ सरदूलगढ़, जगदीप सिंह नकई शामिल हैंl
तनखाइया घोषित किए गए नेताओं को  एक साथ एक दिन गुरुद्वारा सारागढ़ी साहिब से दर्शनी ड्योढ़ी, घंटा घर तक श्री हरिमंदिर साहिब में आने वाले रास्ते की सफाई करने, एक दिन गुरुद्वारे की सारी परिक्रमा में सफाई-धुलाई की सेवा करने, 2 घंटे जोड़ा घर (जूते रखने का स्थान) में जोड़े पालिश करने, एक दिन में 2 घंटे लंगर खिलाने, एक दिन एक घंटा श्री हरिमंदिर साहिब में कीर्तन श्रवण कर 501 रुपए की अलग-अलग कड़ाह प्रशाद की देग लेकर इक्यावन-इक्यावन सौ रुपए गोलक में डाल कर श्री अकाल तख्त साहिब से क्षमा याचना की अरदास करने को कहा गया है। पतितों को नजदीकी किसी गुरुद्वारे में एक दिन एक घंटा सेवा करके श्री अकाल तख्त साहब पर कड़ाह प्रसाद की देग चढ़ाने को कहा गया।

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